चालू वित्त वर्ष (2024-25) में अबतक नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 21 प्रतिशत बढ़कर 4.62 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। इसमें एडवांस कलेक्शन में हुई वृद्धि का विशेष योगदान रहा। एडवांस टैक्स की पहली किस्त 15 जून को देय थी। एडवांस टैक्स कलेक्शन 27.34 प्रतिशत बढ़कर 1.48 लाख करोड़ रुपये रहा है। इसमें 1.14 लाख करोड़ रुपये का कॉरपोरेट टैक्स (सीआईटी) और 34,470 करोड़ रुपये का इंडिविजुअल इनकम टैक्स (पीआईटी) शामिल है।
क्या कहा सीबीडीटी ने
केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने बयान में कहा कि 4,62,664 करोड़ रुपये (17 जून, 2024 तक) के नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन में 1,80,949 करोड़ रुपये का सीआईटी और 2,81,013 करोड़ रुपये का पीआईटी (प्रतिभूति लेनदेन कर सहित) शामिल हैं।
वित्त वर्ष 2024-25 में 17 जून तक 53,322 करोड़ रुपये का रिफंड भी जारी किया गया है। यह पिछले साल इसी अवधि के दौरान जारी किए गए रिफंड से 34 प्रतिशत अधिक है। इस साल एक अप्रैल से 17 जून के दौरान डायरेक्ट टैक्स का ग्रॉस कलेक्शन (रिफंड के लिए समायोजन से पहले) सालाना आधार पर 22.19 प्रतिशत बढ़कर 5.16 लाख करोड़ रुपये रहा।
क्या कहते हैं एक्सपर्ट
डेलॉयट इंडिया के पार्टनर रोहिंटन सिधवा ने कहा कि एडवांस टैक्स कलेक्शन में वृद्धि से भारतीय अर्थव्यवस्था के आगे बढ़ने की पुष्टि हो रही है। उन्होंने कहा कि डायरेक्ट और इनडायरेक्ट, दोनों टैक्स में वृद्धि दिख रही है। यह अर्थव्यवस्था के अधिक संगठित बनने तथा बेहतर कर अनुपालन का भी संकेत है। शार्दुल अमरचंद मंगलदास एंड कंपनी की पार्टनर गौरी पुरी ने कहा कि डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन में वृद्धि भारत की बढ़ती अर्थव्यवस्था का नतीजा है। तेजी से डिजिटलीकरण के चलते भी संग्रह बढ़ा है।
आईटीआर फाइल करने की डेडलाइन
बता दें कि इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की डेडलाइन 31 जुलाई तक है। पिछली बार की तरह इस बार भी यह डेडलाइन बढ़ाए जाने की उम्मीद कम है। ऐसे में आप डेडलाइन से पहले रिटर्न फाइल कर लें।

