![]()
लोकसभा चुनाव में जीत के बाद सोनिया, बहन प्रियंका के साथ राहुल आज रायबरेली आएंगे। यहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे। बड़ी जीत के लिए जनता का आभार जताएंगे।
.
राहुल ने रायबरेली से करीब 4 लाख वोटों से जीत दर्ज की थी। उन्होंने योगी सरकार में मंत्री दिनेश प्रताप सिंह को हराया था। राहुल ने रायबरेली के अलावा वायनाड से भी चुनाव लड़ा था। चर्चा है कि राहुल वायनाड सीट छोड़ेंगे। इसके पीछे 2 वजह है।
पहली– यूपी में कांग्रेस की अच्छी वापसी। कांग्रेस को UP में इस बार 9.4 फीसदी वोट मिले। यह कांग्रेस के लिए संजीवनी की तरह है। 2019 में 6.36% वोट शेयर और एक सीट ही मिली थी। 2022 UP विधानसभा चुनाव में 2.33% वोट और दो सीटें मिली थीं।
दूसरी– राहुल ने 2019 में पहली बार अमेठी के साथ वायनाड से चुनाव लड़ा, लेकिन अमेठी हार गए। वायनाड से जीतकर संसद पहुंचे। भारत जोड़ो यात्रा की शुरुआत भी कन्याकुमारी से की थी, इसके बाद कांग्रेस लगातार दक्षिण में मजबूत हुई।
खासकर केरल, तमिलनाडु और कर्नाटक में। कर्नाटक में कांग्रेस ने सरकार भी बना ली। इस चुनाव में केरल में कांग्रेस को 20 में से 14 सीटें, तमिलनाडु में 9 और कर्नाटक में 9 सीटें मिलीं। अब राहुल गांधी नॉर्थ इंडिया खासकर हिंदी पट्टी को मजबूत करने पर फोकस करना चाहते हैं।

