12 मिनट पहले
- कॉपी लिंक

फुटेज में अमेरिका के पुलिस अधिकारी निखिल गुप्ता को प्लेन में ले जाते दिख रहे हैं। चेक रिपब्लिकन ने यह वीडियो जारी किया है।
खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की साजिश के मामले में आरोपी निखिल गुप्ता को सोमवार को अमेरिकी कोर्ट में पेश किया गया। इस दौरान उसने खुद को निर्दोष बताया है। चेक रिपब्लिक से 16 जून को अमेरिका पहुंचे निखिल का पहला वीडियो भी सामने आया है। इसमें प्राग और अमेरिका की पुलिस निखिल को प्लेन में बैठाती दिख रही है।
अमेरिकी एजेंसियों की रिपोर्ट पर चेक रिपब्लिक ने पिछले साल 30 जून को निखिल को गिरफ्तार किया था। अमेरिका ने आरोप लगाया था कि न्यूयॉर्क में पन्नू पर जानलेवा हमले की साजिश रची गई थी। इसमें भारत का हाथ था। इस साजिश को नाकाम कर दिया गया।
अमेरिकी एजेंसियों के मुताबिक, यह प्लानिंग PM मोदी के अमेरिका दौरे के वक्त की गई थी। हालांकि, इसकी जानकारी 22 नवंबर को दी गई थी। पन्नू की हत्या की साजिश रचने के मामले में 29 नवंबर 2023 को न्यूयॉर्क पुलिस की चार्जशीट सामने आई थी।

न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने निखिल के कोर्टरूम का यह स्केच जारी किया है।
पन्नू को मारने के लिए दिए गए थे 83 लाख रुपए
चार्जशीट में भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता पर पन्नू की हत्या की साजिश का आरोप है। इसमें लिखा है- भारत के एक पूर्व CRPF अफसर ने उसे पन्नू की हत्या की प्लानिंग करने को कहा था। निखिल ने एक व्यक्ति के साथ काम के बदले 83 लाख रुपए देने की डील की थी।
इसके बाद इस साल अप्रैल में अमेरिकी मीडिया वॉशिंगटन पोस्ट ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया कि पन्नू की हत्या की साजिश के पीछे RAW का हाथ था। रिपोर्ट के मुताबिक, पन्नू की हत्या की पूरी प्लानिंग RAW के एक सीनियर अधिकारी विक्रम यादव ने की थी। उसने एक हिट टीम को काम पर रखा था।
यादव ने पन्नू के बारे में भारतीय एजेंट निखिल गुप्ता को जानकारी भेजी, जिसमें उसके न्यूयॉर्क में होने के बारे में पता चला था। इसके बाद निखिल गुप्ता ने पन्नू को मारने के लिए एक एजेंट से संपर्क किया। हालांकि प्लानिंग सफल होने से पहले ही निखिल गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया गया था।

भारत सरकार ने 1 जुलाई 2020 को पन्नू को UAPA के तहत आतंकी घोषित किया था। पन्नू के पास कनाडा और अमेरिका की नागरिकता है। (फाइल)
पन्नू मामले में कब, क्या हुआ, चार्जशीट के मुताबिक पूरी टाइमलाइन…
- मई 2023: अमेरिकी प्रॉसिक्यूटर के मुताबिक एक भारतीय अधिकारी (विक्रम यादव) ने निखिल गुप्ता को हायर किया।
- 29 मई: निखिल गुप्ता ने किसी ऐसे शख्स की तलाश शुरू की जो पन्नू को मार सके। हालांकि, जिसे पन्नू को मारने के लिए हायर किया गया वो अमेरिका का अंडर कवर एजेंट निकला। कुछ हफ्तों तक निखिल गुप्ता ने इस अंडर कवर एजेंट से पन्नू को मारने के तरीके और कीमत पर चर्चा की।
- 9 जून: गुप्ता ने पन्नू को मारने के लिए हायर किए गए हिटमैन को एक शख्स के जरिए 15 हजार डॉलर (12 लाख 49 हजार रुपए) का कैश भिजवाया। ये हत्या के लिए एडवांस पेमेंट थी।
- 11 जून: भारत के अधिकारी ने गुप्ता को कहा कि पन्नू को अभी नहीं मरवा सकते हैं। दरअसल, जून में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमेरिका के दौरे पर गए थे। गुप्ता ने भी फोन पर कहा था कि 10 दिनों तक कुछ नहीं किया जा सकता है, नहीं तो प्रदर्शन शुरू हुए जाएंगे।
- 12 जून से 14 जून: गुप्ता ने फोन पर अपने साथी को कनाडा में किसी बड़े टारगेट के बारे में बताया। उसने कहा कि वो बाद में उसकी डीटेल्स शेयर करेगा।
- 18 जून: कुछ लोग कनाडा में आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या कर देते हैं। कुछ ही महीनों बाद कनाडा इस हत्या का आरोप भारत पर लगाता है।
- 19 जून: गुप्ता निज्जर की हत्या का वीडियो अमेरिका में पन्नू की हत्या के लिए हायर किए हिटमैन को भेजता है। वो लिखता है- ये अच्छी खबर है, अब इंतजार करने की जरूरत नहीं है।
- 24 जून से 29 जून: गुप्ता ने पन्नू का मारने का प्लान आगे बढ़वाया। पन्नू की निगरानी शुरू हुई।
- 30 जून: गुप्ता को चेक रिपब्लिक में अमेरिका के कहने पर उसे हिरासत में ले लिया गया।

